नैनीताल, ब्यूरो । उत्तराखंड की पर्यटन नगरी में लोग इन दिनों अपराधियों के हौसलों से परेशान हो रहे हैं। स्मैकियों की लूटपाट से तो नैनीताल के लोग हलाकान थे ही, अब हाईकोर्ट के पास हुए गोलीकांड ने भी पुलिस की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोग पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं, तो पुलिस अधिकारी इस आरोप से इनकार कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस को गश्ती, निगरानी और एक्शन में मुस्तैदी बरतनी चाहिए क्योंकि अपराध बढ़ रहे हैं। हाल में, एक युवक की गोली लगने के बाद लाश मिलने की घटना भी चर्चा में है। दरअसल कुछ सालों से बाहरी लोगों का शहर में दखल बढ़ा है, तो अलग अलग हिस्सों में बाहरी लोग बिना सत्यापन के बस रहे हैं। नैनीताल पुलिस पर शहर का ही नहीं बल्कि पर्यटकों की सुरक्षा का भी ज़िम्मा है। इधर, गश्ती और गोलीकांड के मामले में एसएसपी पंकज भट्ट ने कहा कि गोली लगने से युवक की मौत का समय सुबह 8 बजे के आसपास माना जा रहा है। इसलिए रात की गश्त पर सवाल उठाना सही नहीं है।
नैनीताल, ब्यूरो । उत्तराखंड की पर्यटन नगरी में लोग इन दिनों अपराधियों के हौसलों से परेशान हो रहे हैं। स्मैकियों की लूटपाट से तो नैनीताल के लोग हलाकान थे ही, अब हाईकोर्ट के पास हुए गोलीकांड ने भी पुलिस की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोग पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं, तो पुलिस अधिकारी इस आरोप से इनकार कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस को गश्ती, निगरानी और एक्शन में मुस्तैदी बरतनी चाहिए क्योंकि अपराध बढ़ रहे हैं। हाल में, एक युवक की गोली लगने के बाद लाश मिलने की घटना भी चर्चा में है। दरअसल कुछ सालों से बाहरी लोगों का शहर में दखल बढ़ा है, तो अलग अलग हिस्सों में बाहरी लोग बिना सत्यापन के बस रहे हैं। नैनीताल पुलिस पर शहर का ही नहीं बल्कि पर्यटकों की सुरक्षा का भी ज़िम्मा है। इधर, गश्ती और गोलीकांड के मामले में एसएसपी पंकज भट्ट ने कहा कि गोली लगने से युवक की मौत का समय सुबह 8 बजे के आसपास माना जा रहा है। इसलिए रात की गश्त पर सवाल उठाना सही नहीं है।